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कंगना के ऑफिस के बदले हिमांचल में प्रियंका गाँधी के ‘अवैध’ बंगले को तोड़ने की उठी माँग

शिमला. हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले से संबंध रखने वाली कंगना रनौत के मुंबई स्थित दफ्तर पर कथित अवैध निर्माण के बाद बीएमसी ने उसके एक हिस्से में तोड़-फोड़ की है. वहीं, अब सोशल मीडिया पर इसको लेकर लोगों का गुस्‍सा फूट पड़ा है. कॉन्ग्रेस, एनसीपी और शिवसेना के गठबंधन वाली महाविकास अघाड़ी सरकार पर द्वेषपूर्ण राजनीति करने के आरोप लग रहे हैं। इस बीच सोशल मीडिया पर भी कंगना के समर्थकों ने एक नई माँग उठा दी है। उन्होंने हिमाचल प्रदेश की सरकार से गुहार लगाई है कि शिमला में प्रियंका गाँधी की अवैध संपत्ति को फौरन ध्वस्त कर दिया जाए, या उस पर कार्रवाई हो।

कंगना के मुंबई स्थित ऑफिस पर बीएमसी की कार्रवाई के बाद नाराजगी जताते हुए लोगों ने लिखा कि हिमाचल में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी का घर भी अवैध है, इसलिए इसे भी तोड़ दिया जाए. ट्विटर पर #DemolishPriyankaHimachalHome ट्रेंड हो रहा है। आपको बता दे हिमाचल की राजधानी शिमला में प्रियंका गांधी का घर है।अगस्त में वह यहां आई थीं और अपने बेटे का जन्मदिन भी सेलिब्रेट किया था. उनके साथ पति रॉबर्ट वाड्रा भी थे। प्रियंका के इस अवैध बंगले के लिए 3 साल पहले भी हाईकोर्ट ने उन्हें नोटिस भेजा था।

अक्सर राहुल गांधी के अलावा, सोनिया गांधी भी यहां आती रहती हैं. करीब साढ़े चार बीघा जमीन पर प्रियंका का घर साल 2008 में बनना शुरू हुआ था. हिमाचल कांग्रेस के नेता केहर सिंह खाची के नाम पर जमीन की पावर ऑफ अटॉर्नी है. साल 2011 में दो मंजिला बनने के बाद डिजाइन पसंद न आने पर इसे तोड़ दिया गया था.

प्रियंका को मकान बनाने के लिए तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने लैंड रिफॉर्म्स एक्ट के सेक्शन 118 में नियमों में ढील दी थी. इस सेक्शन के तहत हिमाचल से बाहर रहने वाले लोग जमीन नहीं खरीद सकते हैं. वर्ष 2007 में इस जमीन की मार्केट वेल्यू करीब एक करोड़ रुपये बीघा थी, जबकि प्रियंका गांधी को मकान बनाने के लिए 4 बीघा जमीन 47 लाख रुपये में दी गई.

जानकारी के मुताबिक, कोर्ट ने यह नोटिस प्रियंका गाँधी को आशी भट्टाचार्या की याचिका पर जारी किया था। इस याचिका में आरटीआई कार्यकर्ता ने प्रियंका की जमीन का विवरण और हिमाचल प्रदेश किराएदारी और भूमि सुधार अधिनियम के तहत राज्य सरकार से मिलने वाली अनुमति की जानकारी माँगी थी।

लोगों का कहना है कि एक गैर हिमाचली, प्रदेश में घर नहीं खरीद सकता है, इसलिए यह घर अवैध है। इसे जल्द से हटाया जाए या फिर हर भारतीय को अधिकार दे दिया जाए कि वह हिमाचल में संपत्ति खरीद सकते हैं।

कंगना की संपत्ति पर इस तरह का हमला देखने के बाद लोगों का कहना है कि कानून सबके लिए एक जैसा होना चाहिए। अगर कंगना की संपत्ति को अवैध कहकर तोड़ा गया तो अवैध संपत्ति तो तोड़ी ही जा सकती है। कुछ लोग इस हैशटैग पर प्रियंका के बंगले की तस्वीर शेयर करके लिख हिमाचल सरकार को टैग करके लिख रहे हैं, “एक धक्का और दो, इस घर को तोड़ दो।”

लोगों की माँग है कि महाराष्ट्र सरकार की करनी का जवाब हिमाचल सरकार ऐसे अवैध निर्माणों पर कार्रवाई करके दे। वहीं कुछ लोग हैं जो कंगना रनौत के मामले में पीएमओ से दखल करने की अपील कर रहे हैं। साथ ही इस पूरे फैसले को कंगना रनौत और महाराष्ट्र सरकार के बीच चल रही तनातनी बता रहे हैं। इसके अलावा कुछ लोग मीम्स शेयर करके ये बताना चाह रहे हैं कि अवैध प्रॉपर्टी पर बीएमसी की कार्रवाई सुन कर कॉन्ग्रेस अपनी कई संपत्तियों को लेकर सोच में हैं।